पुस्तकालय के स्थापना दिवस पर काव्य पाठ
मनियर (बलिया)। साहित्य सदन पुस्तकालय झूमक मठ मनियर के नौवें एवं युवा संगठन के 16 वें वर्षगांठ पर मंगलवार को मां सरस्वती के तैल चित्र पर दीप प्रज्वलित कर खंडकाव्य ओरहन का काव्य पाठ शुशांत शर्मा ने किया। इस काव्य पाठ में सुशांत शर्मा ने ब्रज से श्री कृष्ण के मथुरा चले जाने पर गोकुल वासियों का ओरहन का जिक्र किया है। इस काव्य पाठ में राधिका, ग्वाल सखा सुखन का, गोपियों का ,गाय के बछड़ों का ,मधुबन आदि के ओरहन का बर्णन किया है। ओरहन श्रीकृष्ण के लिए व्यक्त किया गया है। सुशांत शर्मा ने काव्य पाठ किया कि राधिका कहती है कि गोपी के सारी कटारी बुझाला हो ,पाती के आस में फाटेला छाती। कृष्ण के जाने के बाद राधा कह रही है हम प्रेम के प्रेम ही बुझनी, ब्रज में अब केहू के बात केहु ना पतिआई ।पाछे आई के का करब हरि फाटल दूध में डाली के जोरन। आदि पंक्तियों पर श्रोता गणों ने ताली बजाकर कवि सुशांत शर्मा का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा ,राधा कहती है कि
छाती पर हाथ लगाकर कह, कि अब तहके याद न आवेली राधा। गाय का ओरहन है कि बछड़ा बुलावे त भले देर हो जाई लेकिन बांसुरी बुलावे तुरंत आ जाइब। बछड़े का ओरहन है कि घास तू हमके खियवल, अपने तू खा दूध के मलाई। दूध के हिस्सा अब कइसे बंटाई मधुबन अपने ओरहन में 12 मास का वर्णन किया है ।
इस कार्यक्रम में प्रमुख रुप से भाजपा नेत्री केतकी सिंह ,देवेंद्र नाथ त्रिपाठी ,अमरनाथ तिवारी ,ब्रजेश पांडेय, सुनील कुमार उपाध्याय, दिलीप सिंह, आशुतोष तोमर, डॉ विजय प्रकाश गुप्ता, पारसनाथ तिवारी, सुभाष शर्मा ,सभासद अमरेंद्र सिंह, कंचन सिंह, विनय सिंह, कन्हैया सिंह,बृज बिहारी सिंह, दीपक सिंह,बलिराम चौरसिया सहित आदि लोग मौजूद रहे। आयोजक युवा संगठन के अध्यक्ष गोपाल जी ने सबके प्रति आभार व्यक्त किया।
रिपोर्ट - वीरेंद्र सिंह






No comments